राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने गुरुवार (20.2.2020) को ‘सात संकल्पों’ पर आधारित वित्त वर्ष 2020-21 का बजट राज्य विधानसभा में पेश किया। उन्होंने सात संकल्पों को इस बजट की प्राथमिकताएं बताते हुए कहा कि इस बजट में कोशिश की गई है कि तमाम चुनौतियों के बावजूद राज्य में विकास की राह बाधित नहीं हो। बजट में गहलोत ने आगामी वित्त वर्ष में 53,181 नई भर्तियां करने की घोषणा की है। सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते को पांच प्रतिशत बढ़ाकर 17 प्रतिशत किये जाने की घोषणा अपने बजट में की।

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा, ‘चुनौतियों के बावजूद इस बजट में हमने कोशिश की है कि विकास की राह बाधित नहीं हो।’ गहलोत के बजट भाषण की मुख्य बातों का जिक्र किया जाए तो इसमें अगले वित्त वर्ष में 53,181 नई भर्तियां करने की घोषणा शामिल है।

जिसमें सबसे अधिक 41,000 भर्तियां शिक्षा विभाग में होंगी। इसके अलावा मेडिकल में 4369, मेडिकल एजुकेशन में 573, को-ऑपरेटिव में 1000, शिक्षा में 1000, स्थानीय स्वशासन में 1039 और गृह विभाग में 5000 और जीएडी विभाग में 200 पदों पर भर्तियां होंगी। वहीं, स्कूलों में शनिवार को ‘नो बैग डे’ की भी घोषणा भी की। इस दिन कोई पढ़ाई नहीं होगी। साथ ही, बजट में कोई भी नया कर नहीं लगाया गया है। स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए स्टार्टअप नीति लागू की जाएगी।

गहलोत ने कहा, ‘हमारी सरकार की वित्तीय नीतियां व प्राथमिकताएं क्या हों इसके लिए हमने कृषकों, पशुपालकों, महिलाओं, छात्रों, युवाओं, औद्योगिक व व्यापारिक संगठनों, सिविल सोसायटी के विचारों तथा सुझावों को ध्यान में रखते हुए एक समावेशी बजट बनाने का प्रयास किया है। प्रदेश के समग्र विकास के लक्ष्य को हासिल करने के लिए आने वाले वर्ष में कौन कौन से दूरगामी कदम उठाना चाहते हैं इसका ब्यौरा देने से पहले ये समीचीन है कि मैं देश की आर्थिक स्थिति की सच्ची तस्वीर आपके सामने पेश करूं।’

By JobSeva

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